प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर डॉ. मंजू मंगल प्रभात लोढ़ा की कलम से एक विशेष रचना "अभिनंदन सौ-सौ बार"
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर डॉ. मंजू मंगल प्रभात लोढ़ा की कलम से एक विशेष रचना "अभिनंदन सौ-सौ बार"
17 सितंबर का मंगल दिन आया,
हमारे लाड़ले प्रधानमंत्री का जन्मदिन आया।
देश के हर कोने में ख़ुशियां छाई,
जन-जन ने श्रद्धा की थाली सजाई।
हम सब कहते हैं हाथ जोड़कर आज,
मोदी जी आपकी छत्र छाया सदा हम पर
रहे ।
आप जब तक इस पद पर हैं,
हमें कोई चिंता नहीं, आपके भरोसे हम सब है।
आपके नेतृत्व में हमने देखा नया भारत,
नई सोच, नई शक्ति, नई दिशा,नया प्रारंभ।
तीन तलाक, धारा 370, राममंदिर का स्वप्न साकार किया।
स्वच्छ भारत का दीप जलाया,
बेटी पढ़ाओ–बेटी बचाओ का बिगुल बजाया।
जन धन, उज्ज्वला, आयुष्मान, डिजिटल भारत, हर गली ,हर घर पहुँची विकास की आहट।
हर गांव में बिजली, हर खेत में पानी,
सड़क, रेलवे, मेट्रो – बनी नई कहानी।
विकास की रफ्तार से देश सजाया,
हर क्षेत्र में भारत को ऊँचा उठाया।
एक रैंक , एक पेंशन आपने हमारे सैन्य बल को मन और बल दिया,
सीमा सुरक्षा को दृढ़ किला बना दिया।
दुश्मन को करारा जवाब दिया सदा,
राष्ट्र की रक्षा में खड़ा हर जवान बड़ा।
आपकी छत्रछाया में हम सुरक्षित हैं आज,
हर नागरिक को है आप पर मान -अभिमान ।
भगवान करें आप सौ सालों से भी अधिक जियो,
भारत को विश्व गुरु बनाकर रहो ।
आपके नेतृत्व में हर भारतवासी चैन से रहे,
सीमाएं सुरक्षित, दुश्मन दूर खड़े।
हर युवा में जोश, हर मां के दिल में गर्व, आपके संग भारत रचेगा नया पर्व।
मोदीजी आज आप व्यक्ति नहीं हो, जन-जन की अभिलाषा हो, भारत माता के सच्चे सपूत, नये भारत की नई पहचान हो। अभिनंदन आपका सौ-सौ बार।
युवाओं सी रवानगी हैं, चेहरे पर तेजस्विता हैं, वाणी में ओजस्विता हैं, देश के प्रति अटल प्रेम है अभिनंदन आपका सौ-सौ बार।
धुन के पक्के हैं, कार्य में हरदम मगन हैं, योग के बलबूते पर, मन पर विजय हैं,नौ दिन नवरात्रि के उपवास करते हैं, देश-विदेश में जाकर देश का परचम लहराते हैं अभिनंदन आपका सौ-सौ बार।
देश की रक्षा खातिर, सिंह जैसी गर्जना हैं, भ्रष्टाचार को जड़ से मिटाने की शूरवीरता हैं, कर्म ही श्रेष्ठ है, हो पूर्ण समर्पित कार्य को,आपका सभी को यही संदेश है, अभिनंदन आपका सौ-सौ बार।
लघु उद्योगों को आपने आगे बढा़या,मेक इन इंडिया, सीमाओं की रखवाली, नये पोत- नये हथियार, चांद पर पहुंचना, जी-20 की मेजबानी,अनगिनत कार्य, हर कार्य में दक्षता है, अभिनंदन आपका सौ-सौ बार। आपके व्यक्तित्व का बखान करूं कैसे, बने अभी वह शब्द नहीं हैं, व्यक्त करूं भावों को कैसे, बने अभी वह अर्थ नहीं हैं,
अभिनंदन आपका सौ- सौ बार।
दोस्त हो या दुश्मन , सभी को अपने लगते हो , चारों ओर फैले इस तमस में , सूर्य की नई किरण लगते हो ,अभिनंदन आपका सौ-सौ बार। निर्मल-निश्चल-निर्भीक हे नृप नरेश,
भूपति-भूप-अवनीश-नरपति, बस आप यूं ही आगे बढ़ते रहें, बना नहीं जो शिखर उस तक चढ़ते रहें। अभिनंदन आपका सौ- सौ बार ।
मोदी जी, आपके जन्मदिन पर यह हमारी प्रार्थना,
आपके यश और तेज से जग हो उज्ज्वल रत्ना।
राष्ट्र की सेवा में आप ऐसे ही अग्रसर रहें,
आपके मार्ग का हर पत्थर पुष्प बन जाय, आपके राज में हिंदुस्तान भारत बन जाए, अभिनंदन आपका सौ-सौ बार।
* डॉ. मंजू मंगलप्रभात लोढ़ा ( मुम्बई )
